Happiness is in helping others! Hi! Iam Lakshmi. I started this blog to help all my friends who are busy, working parents and have little or NO time to teach their kids! :-) Now, everyone can benefit from whatever little I have to share. This is a blog on three languages, English, Hindi & Sanskrit, designed especially for kids studying 8th grade at BSRKV, Sainikpuri. I hope to help as long as its possible! :-)))
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Wednesday, 4 March 2015
Tuesday, 3 March 2015
Lesson - 9 Beej Paudhe kaa Janm
Lesson 9 in Hindi by the name बीज पौधे का जन्म is somewhere under the label term 2.
Sorry for the confusion!
Everyone's friend,
Lakshmi :-)
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Lakshmi :-)
Monday, 2 March 2015
Lesson - 19 Ann Frank Ki Diary - COntd.
४ . ऐन फ्रैंक के छिपने की जगह का वर्णन कीजिए
उ। इमारत के तल मंज़िल पर बना बड़ा - सा गोदाम काम करने की जगह और भण्डार घर के रूप में इस्तेमाल होता था। सीढ़ियों के ऊपर बनी जगह से दाईं तरफ का दरवाज़ा घर के पिछवाड़े उनके गुप्त एनेक्सी की तरफ जाता था। कोई कल्पना भी नहीं कर सकता था कि इस सपाट मटमैले दरवाज़े के पीछे इतने कमरे भी हो सकते हैं। सीढ़ियों की दाईं तरफ गुसलखाना और बिना खिड़कियोंवाले एक कमरा था , जिसमे एक वाशबेसिन लगा था। दरवाज़े से ऐन और मार्गोट के कमरे की तरफ जाया जा सकता है।
५. ऐन फ्रैंक और उसका परिवार कैसे पकड़ा गया था ? उनका अंत कैसे हुआ ?
उ। ६ जनवरी १९४५ को आस्चविट्ज़ में भूख और यंत्रणा से ऐन के माँ एडिथ फ्रैंक की मृत्यु हो गई। मार्गोट और ऐन फ्रैंक को अक्टूबर में बर्गेन बेलसेन के यातना शिविर में लाया जाया गया। यहां गंदगी के कारण टॉयफस नाम की महामारी फैली हुई थी। मार्गोट और ऐन इसका शिकार हो गईं। १२ अप्रैल, १९४५ को ब्रिटिश सेना द्वारा यातना शिविर को मुक्त कराने पर युद्ध समाप्त हुआ, किन्तु तब तक केवल ऐन फ्रैंक के पिता ओट्टो फ्रैंक ही जीवित बचे थे।
प्र युद्ध से जन - जीवन कैसे प्रभावित होता है ?
उ। युद्ध के समय जन - जीवन ठप हो जाता है। असुरक्षा की भावना पीछा नहीं छोड़ती।
जो काम सरल होता है , वह काम कठिन हो जाता है।
कल - कारखाने बंद हो जाते हैं।
स्कूलों की छुट्टी हो जाती है। ऑफिस बंद हो जाता है।
युद्ध के कारण की लोग मर जाते हैं।
समाप्त। ………………………………………
सबकी सखी ,
लक्ष्मी :-)))
उ। इमारत के तल मंज़िल पर बना बड़ा - सा गोदाम काम करने की जगह और भण्डार घर के रूप में इस्तेमाल होता था। सीढ़ियों के ऊपर बनी जगह से दाईं तरफ का दरवाज़ा घर के पिछवाड़े उनके गुप्त एनेक्सी की तरफ जाता था। कोई कल्पना भी नहीं कर सकता था कि इस सपाट मटमैले दरवाज़े के पीछे इतने कमरे भी हो सकते हैं। सीढ़ियों की दाईं तरफ गुसलखाना और बिना खिड़कियोंवाले एक कमरा था , जिसमे एक वाशबेसिन लगा था। दरवाज़े से ऐन और मार्गोट के कमरे की तरफ जाया जा सकता है।
५. ऐन फ्रैंक और उसका परिवार कैसे पकड़ा गया था ? उनका अंत कैसे हुआ ?
उ। ६ जनवरी १९४५ को आस्चविट्ज़ में भूख और यंत्रणा से ऐन के माँ एडिथ फ्रैंक की मृत्यु हो गई। मार्गोट और ऐन फ्रैंक को अक्टूबर में बर्गेन बेलसेन के यातना शिविर में लाया जाया गया। यहां गंदगी के कारण टॉयफस नाम की महामारी फैली हुई थी। मार्गोट और ऐन इसका शिकार हो गईं। १२ अप्रैल, १९४५ को ब्रिटिश सेना द्वारा यातना शिविर को मुक्त कराने पर युद्ध समाप्त हुआ, किन्तु तब तक केवल ऐन फ्रैंक के पिता ओट्टो फ्रैंक ही जीवित बचे थे।
जीवनमूलयपरक प्रश्न उत्तर
प्र युद्ध से जन - जीवन कैसे प्रभावित होता है ?
उ। युद्ध के समय जन - जीवन ठप हो जाता है। असुरक्षा की भावना पीछा नहीं छोड़ती।
जो काम सरल होता है , वह काम कठिन हो जाता है।
कल - कारखाने बंद हो जाते हैं।
स्कूलों की छुट्टी हो जाती है। ऑफिस बंद हो जाता है।
युद्ध के कारण की लोग मर जाते हैं।
समाप्त। ………………………………………
सबकी सखी ,
लक्ष्मी :-)))
सरसुती के भण्डार की बड़ी अपूरब बात,
Sunday, 1 March 2015
Lesson - 19 Ann Frank Ki Diary!
ऐन फ्रैंक की डायरी
मौखिक प्रश्न उत्तर
१ ऐन फ्रैंक ने किस उम्र में डायरी लिखना सुरु किया था ?
उ ऐन फ्रैंक ने तेरह साल की उम्र में डायरी लिखना शुरू किया था।
२ डायरी लिखने के पीछे ऐन फ्रैंकके क्या विचार थे?
उ डायरी लिखने के पीछे ऐन फ्रैंक का उद्देश्य अथवा विचार यह था कि वह गुप्त आवास के दौरान अपनी दिनचर्या को लिपिबद्ध कर सके।
३ ऐन फ्रैंक और उसके परिवार को क्यों छिपकर रहना पड़ा ?
उ दूसरे महायुद्ध के दौरान हॉलैंड के यहूदी परिवारों को अकाल्पनिक यंत्रणाओं से गुज़रना था तथा ऐन फ्रैंक और उसके परिवार को यहूदी गुप्त आवास में रहना पड़ा।
४ हिटलर को मारने का षड्यंत्र किसने किया था ?
उ हिटलर को मारने का षड्यंत्र एक जर्मन जनरल ने किया था.
६ तल मंज़िल का इस्तेमाल किस रूप में होता था ?
उ तल मंज़िल का इस्तेमाल काम करने की जगह और भण्डार घर के रूप में होता था।
दीर्घउत्तरीय प्रश्न उत्तर
१ वे सेल्फमेड आदमी थे - किसके बारे में कहा जा रहा और क्यों ?
उ यह कथन ऐन फ्रैंक के दादा माइकेल फ्रैंक के बारे में कहा जा रहा है। उनके बारे में ऐसा इसलिए कहा जा रहा है क्योंकि उनका एक बैंक था. मेहनत करके वे लखपति बन गए थे। वे शुरू से ही अमीर नहीं थे। उन्होने अपने बलबूते पर पैसे कमाया था।
२ पिता को फ्राइंग पैन में से बचा - कूचा खाना निकालते समय अपने - आप पर हंसी क्यों आ गई ?
उ ऐन फ्रैंक के पिता ओट्टो फ्रैंक ने अमीरी में ही जीवन बिताया था। हालांकि ऐन के दादा के मरने के बाद दौलत इधर - उधर हो गई थी किन्तु कुछ अमीर रिश्तेदारों की वजह से ऐन के पिता की आर्थिक स्तिथि अच्छी - खासी रही। अब गुप्त आव्वस के दिनों उन्हें मजबूरन अभावों में जीना पद रहा था। तभी फ्राइंग पैन से बचा - कुचा खाना निकालते समय इन के पिता को भाग्य के खेल पर हँसी आ गई।
३. सचमुच एक शानदार खबर - किस खबर को शानदार कहा जा रहा है और क्यों ?
शानदार खबर यह है कि छिपने की जगह एक इमारत थी। तल मंज़िल पर बना - गोदाम काम करने की जगह और भण्डार घर के रूप में इस्तेमाल होता है। सीढ़ियों के ऊपर बानी जगह दाईं तरफ दरवाज़ा घर के पिछवाड़े उनके गुप्त एनेक्सी की तरफ जाता था।
४ ऐन फ्रैंक की छिपने की जगह का वर्णन कीजिए।
इमारत के तल मंज़िल पर बना बड़ा सा गोदाम काम करने की जगह और
मौखिक प्रश्न उत्तर
१ ऐन फ्रैंक ने किस उम्र में डायरी लिखना सुरु किया था ?
उ ऐन फ्रैंक ने तेरह साल की उम्र में डायरी लिखना शुरू किया था।
२ डायरी लिखने के पीछे ऐन फ्रैंकके क्या विचार थे?
उ डायरी लिखने के पीछे ऐन फ्रैंक का उद्देश्य अथवा विचार यह था कि वह गुप्त आवास के दौरान अपनी दिनचर्या को लिपिबद्ध कर सके।
३ ऐन फ्रैंक और उसके परिवार को क्यों छिपकर रहना पड़ा ?
उ दूसरे महायुद्ध के दौरान हॉलैंड के यहूदी परिवारों को अकाल्पनिक यंत्रणाओं से गुज़रना था तथा ऐन फ्रैंक और उसके परिवार को यहूदी गुप्त आवास में रहना पड़ा।
४ हिटलर को मारने का षड्यंत्र किसने किया था ?
उ हिटलर को मारने का षड्यंत्र एक जर्मन जनरल ने किया था.
६ तल मंज़िल का इस्तेमाल किस रूप में होता था ?
उ तल मंज़िल का इस्तेमाल काम करने की जगह और भण्डार घर के रूप में होता था।
दीर्घउत्तरीय प्रश्न उत्तर
१ वे सेल्फमेड आदमी थे - किसके बारे में कहा जा रहा और क्यों ?
उ यह कथन ऐन फ्रैंक के दादा माइकेल फ्रैंक के बारे में कहा जा रहा है। उनके बारे में ऐसा इसलिए कहा जा रहा है क्योंकि उनका एक बैंक था. मेहनत करके वे लखपति बन गए थे। वे शुरू से ही अमीर नहीं थे। उन्होने अपने बलबूते पर पैसे कमाया था।
२ पिता को फ्राइंग पैन में से बचा - कूचा खाना निकालते समय अपने - आप पर हंसी क्यों आ गई ?
उ ऐन फ्रैंक के पिता ओट्टो फ्रैंक ने अमीरी में ही जीवन बिताया था। हालांकि ऐन के दादा के मरने के बाद दौलत इधर - उधर हो गई थी किन्तु कुछ अमीर रिश्तेदारों की वजह से ऐन के पिता की आर्थिक स्तिथि अच्छी - खासी रही। अब गुप्त आव्वस के दिनों उन्हें मजबूरन अभावों में जीना पद रहा था। तभी फ्राइंग पैन से बचा - कुचा खाना निकालते समय इन के पिता को भाग्य के खेल पर हँसी आ गई।
३. सचमुच एक शानदार खबर - किस खबर को शानदार कहा जा रहा है और क्यों ?
शानदार खबर यह है कि छिपने की जगह एक इमारत थी। तल मंज़िल पर बना - गोदाम काम करने की जगह और भण्डार घर के रूप में इस्तेमाल होता है। सीढ़ियों के ऊपर बानी जगह दाईं तरफ दरवाज़ा घर के पिछवाड़े उनके गुप्त एनेक्सी की तरफ जाता था।
४ ऐन फ्रैंक की छिपने की जगह का वर्णन कीजिए।
इमारत के तल मंज़िल पर बना बड़ा सा गोदाम काम करने की जगह और
Lesson - 16 Kundaliyaan
कुंडलियाँ
मौखिक प्रश्न उत्तर
१. सहस नर किसके गाहक होते हैं और क्यों ?
उ सहस नर गन के गाहक होते हैं क्योंकि बिना गुणवाले व्यक्ति को कोई नहीं पूछता।
२ जग में हँसाई क्यों होती है ?
ऊ बिना सोचे - विचारे किया गया कार्य अक्सर बिगड़ जाता है तथा जग में हँसाई होती है।
३ दौलत पाते ही लोग घमंडी क्यों हो जाते हैं?
उ जब लोगों के पास दौलत आ जाती है तो वे स्वयं को श्रेष्ठ समझते हैं। वे सोचते हैं कि दौलत उनके पास सदा रहेगी।
दीर्घउत्तरीय प्रश्न उत्तर
१. पहले पद में कवि ने क्या सन्देश देना चाहा है ?
ऊ पहले पद में कवि ने यह सन्देश दिया है कि मनुष्य को दौलत पाकर अभिमान नहीं करना चाहिए। धन जल के सामान चंचल होता है , यह कहीं टिक कर नहीं रहता। इसलिए मानव को मीठी वाणी बोलकर, विनम्रता के साथ रहना चाहिए तथा जग में यश प्राप्त करना चाहिए। दौलत सबके पास मेहमान की तरह केवल चार दिन ही रहती है।
२ कवि धन से भी ज़्यादा किसको महत्वपूर्ण मानते हैं और क्यों ?
उ कवि मीठी वाणी बोलनेवाले तथा सबके प्रति विनय का व्यवहार करनेवाले व्यक्ति की तरह बनने को कहते हैं क्योंकि इसी से व्यक्ति को संसार में यश तथा कीर्ति मिलती है जो मनुष्य के साथ सदा रहती है। इसीलिए वे धन से भी ज़्यादा महत्वपूर्ण यश को मानते हैं।
३। ऐसा क्यों कहा गया है कि :
क। चंचल दिन चारिको , ठाउ न रहत निदान ?
उ जिस प्रकार जल चंचल होता है , उसे बांधकर नहीं रखा जा सकता है , उसी प्रकार लक्ष्मी भी चंचल होती है, वह एक स्थान पर टिकती।
ख दोउ को िकरंग , काग भये सब अपावन।
उ कोयल तथा कौआ दोनों का रंग एक ही होता है , किन्तु कोयल का कूकना मनोहारी लगता है तथा के का काँव - काँव करना अपवित्र तथा अशुभ माना जाता है।
ग . खान - पान - सनमान , राग - रंग मनहिं न भावै।
उ जब व्यक्ति बिना सोचे - विचारे कार्य करता है तो अकसर उसका काम बिगड़ जाता है, जिस कारण निराशा में उसे न तो खाना - पीना अच्छा लगता है और न ही राग-रंग में उसका मन रमता है। उसके मन में अशांति रहती है।
४ आपके अनुसार किसी भी काम को करने से पहले क्या विचार करना चाहिए ?
उ किसी भी काम को करने से पहले अच्छी तरह से सोच विचार करके यह निश्चित कर लेना चाहिए कि कार्य हितकारी है या नहीं। जल्दबाज़ी में अकसर कार्य बिगड़ जाता है और आगे चलकर मान - सम्मान की हानि हो सकती है। अत: अपनी इज़्ज़त का और दूसरों के हित का ध्यान रखते हुए काम करना चाहिए।
जीवनमूलयपरक प्रश्न उत्तर
जीवन में धन का स्थान है पर आजकल धन ही जीवन बनता जा रहा है। आप पैसे को कितना महत्त्व देते हैं ? धन से क्या खरीदा नहीं जा सकता।
उ धन महत्वहीन है , यह तो घर गृहस्थी से बँधा कोई भी व्यक्ति नहीं कह सकता। पर, कहा गया है - किसी भी चीज़ की अति बुरी होती है। भरी ठण्ड में भी आवश्यकता से अधिक कपडे शरीर को ठण्ड से बचाने की जगह अत्यधिक गर्मी देता है।
ख अधिक खाना उठना - बैठना दूभर कर देता है। अधिक पढ़ाई करने से याद किया भी भूलने लगते हैं।
ग अपनी और अपनों की सुद्ध - बुध खोकर अच्छे - बुरे, नैतिक - अनैतिक का विचार न करके कमाई कर भी ली तो अनैतिक उपाय ने इतना बदनाम कर दिया होगा कि कोई सम्बन्ध नहीं रखना चाहेगा।
घ हाँ , इस बीच धन ज़रूर जमा हो , साथ ही यह भय भी कि कहीं जालसाज़ी में पकडे न जाएं , कहीं जेल की हवा न खाना पड़ जाए।
ङ सबसे बड़ी बात, धन से न तो शान्ति खरीदी जा सकती है , न चैन, न मित्र, न अपने।
समाप्त। ……………
लक्ष्मी ! :-)))
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